केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) रविवार से उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन की प्रक्रिया को शुरू करने जा रहा है। गृह मंत्रालय ने इस संबंध में मानव संसाधन विकास मंत्रालय के प्रस्ताव को अपनी मंजूरी दे दी है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, टीचर्स घर से ही कांपियों की जांच करेंगे। इस संबंध में बोर्ड ने दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं। उनकी 1.5 करोड़ से भी ज्यादा उत्तर पुस्तिकाओं की जांच की जानी है।

सीबीएसई की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि, उत्तरपुस्तिकाओं को 3,000 नामित स्कूलों से योग्य टीचर्स के घर पहुंचाया जाएगा। इस पूरी प्रक्रिया में 50 दिनों का समय लग सकता है। लगभग 10वीं के 18 लाख छात्र और छात्राएं और 12 लाख 12वीं के छात्र और छात्राएं अपने रिजल्ट का इंतजार कर रहे हैं। सीबीएसई लगातार आंसर शीट के मूल्यांकरन को शुरू करने के लिए कह रहा था। लेकिन लॉकडाउन के चलते ये प्रक्रिया काफी समय से अटकी हुई थी।

बोर्ड ने मूल्यांकन प्रक्रिया के संबंध में सभी मुख्य नोडल अधिकारियों, केंद्रीय पर्यवेक्षकों, प्रमुख परीक्षकों को एक परिपत्र जारी किया है। इस पत्र में कहा गया है कि मूल्यांकन प्रक्रिया की शुरुआत कर सकते हैं। कंटोनमेंट एरिया को छोड़कर वाकी सभी क्षेत्रों में कांपियों की जांच की जा सकती है। बोर्ड ने यह भी कहा है कि मूल्यांकन प्रक्रिया के दौरान कोरोना वायरस से बचाव के लिए सावधानी बरती जाए। संक्रमण से बचने के इस बात का विशेष तौर पर ध्यान रखा जाए।